‘दोषी पाया गया तो जान दे दूंगा’, अश्लील कंटेंट वाले केस के 5 साल बाद राज कुंद्रा का फूटा गुस्सा, बयां किया दर्द | ACTPnews

'दोषी पाया गया तो जान दे दूंगा', अश्लील कंटेंट वाले केस के 5 साल बाद राज कुंद्रा का फूटा गुस्सा, बयां किया दर्द


साल 2021 में बिजनेसमैन और अभिनेत्री शिल्पा शेट्टी के पति राज कुंद्रा पर लगे पोर्नोग्राफी के आरोपों ने पूरी इंडस्ट्री को हिलाकर रख दिया था। उन पर मोबाइल एप्लिकेशन्स के जरिए अश्लील कंटेंट बनाने और उसे बांटने के गंभीर आरोप लगे थे, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर आर्थर रोड जेल भेज दिया गया था। राज कुंद्रा को इस मामले में करीब 63 दिन जेल की सलाखों के पीछे गुजारने पड़े थे। अब इस पूरे घटनाक्रम को लगभग पांच साल बीत चुके हैं, लेकिन राज कुंद्रा आज भी खुद को बेकसूर साबित करने और न्याय पाने की जंग लड़ रहे हैं। हाल ही में उन्होंने अपने जीवन के इस सबसे काले दौर को याद करते हुए खुलासा किया कि कैसे इस एक आरोप की वजह से उनके हंसते-खेलते परिवार की जिंदगी बदल गई और उन्हें अपने सारे बिजनेस बंद करने पड़े।

एक झटके में बंद हो गए सारे बिजनेस, 4000 लोग हुए बेरोजगार

राज कुंद्रा ने उस खौफनाक दौर को याद करते हुए बताया कि जब पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार किया तो उनके और शिल्पा के पैरों तले जमीन खिसक गई थी। बदनामी और कानूनी पचड़ों के बीच इस कपल को एक बेहद कठिन फैसला लेना पड़ा। राज ने बताया कि इस विवाद के बाद उन्होंने और शिल्पा ने अपने तमाम चालू बिजनेस को बंद करने का फैसला किया। राज कुंद्रा के मुताबिक उनके कई बड़े सेक्टर्स में इन्वेस्टमेंट थे। वे राजस्थान रॉयल्स IPL टीम से जुड़े थे, मिक्स मार्शल आर्ट्स में उनका निवेश था, उन्होंने एक होम शॉपिंग सेंटर लॉन्च किया था और अपने बेटे के नाम पर ‘वियान इंडस्ट्रीज’ नाम की एक बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनी भी चला रहे थे। इन तमाम बिजनेस के जरिए करीब 4000 से ज्यादा लोग अपनी आजीविका चला रहे थे और उनका घर चल रहा था। राज ने दर्द बयां करते हुए कहा कि मुझे एक ऐसे अपराध के लिए गिरफ्तार कर लिया गया जो मैंने कभी किया ही नहीं था। यह सोचकर आज भी बहुत दुख होता है कि भारत के स्टार्टअप इकोसिस्टम में इतना योगदान देने के बाद मुझे अपने सारे चलते हुए बिजनेस अचानक बंद करने पड़े। मुझे पुलिस ने सिर्फ एक साधारण बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया था, लेकिन वहां जाते ही मुझे गिरफ्तार कर लिया गया।

‘अगर दोषी हूं तो मुझे सजा दो, नहीं तो क्लीन चिट दो’

कानूनी प्रक्रिया में हो रही देरी और लगातार मीडिया ट्रायल से परेशान राज कुंद्रा ने कोर्ट और सिस्टम के सामने अपनी बात रखी है। उनका कहना है कि वह आज भी कानून का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। राज ने बेबाकी से कहा कि इस मामले में जितने भी आरोपी हैं, उन सब में से सिर्फ मैं ही लगातार यह कह रहा हूं कि अगर मैंने कुछ भी गलत किया है तो मुझे कड़ी से कड़ी सजा दी जाए। इस मामले को खींचने के बजाय एक ही बार में इसका फैसला कर दिया जाए। लेकिन अगर मैंने कुछ गलत नहीं किया है और मैं अच्छी तरह जानता हूं कि मैं बेगुनाह हूं तो मुझे सम्मान के साथ क्लीन चिट दी जानी चाहिए। मैं पिछले पांच सालों से इस केस को लड़ रहा हूं और आज भी अपने इसी बयान पर कायम हूं कि अगर मैं दोषी पाया गया तो मैं अपनी जान देने को भी तैयार हूं।

जेल के 63 दिनों ने सिखाया जिंदगी का सबसे बड़ा सबक

भले ही आर्थर रोड जेल में बिताए गए वे 63 दिन राज कुंद्रा की जिंदगी का सबसे बड़ा बुरा सपना था, लेकिन वे अपनी जिंदगी की किताब से उन दिनों के पन्नों को फाड़ना नहीं चाहते। राज का मानना है कि उस बेहद बुरे वक्त ने उन्हें जिंदगी का सबसे कड़वा और सच्चा सबक सिखाया। उन्होंने अपनी बात को खत्म करते हुए कहा कि आर्थर रोड जेल के वो 63 दिन मेरे जीवन के सबसे भयानक दिन थे। हालात ऐसे थे कि रात को सोते समय मुझे यह भी नहीं पता होता था कि मैं अगली सुबह देख पाऊंगा या नहीं, लेकिन इसके बावजूद मैं अपने जीवन के उस अध्याय को बदलना नहीं चाहता। अगर मैंने जेल के वो दिन नहीं देखे होते तो आज मैं जो राज कुंद्रा हूं, वो कभी नहीं बन पाता। उस मुश्किल वक्त ने ही मुझे यह पहचानना सिखाया कि इस मतलबी दुनिया में कौन से लोग असल में मेरे अपने हैं और कौन सिर्फ अच्छे वक्त के साथी थे।

एक मामले में मिली जमानत

बता दें, राज कुंद्रा को 150 करोड़ रुपयों के बिटकॉइन मामले में भी आरोपी हैं, जिसमें उन्हें हाल ही में जमानत मिली है। जांच में उन्होंने कभी बाधा नहीं पैदा की और इसी को देखते हुए कोर्ट ने उन्हें जमानत दी थी।

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