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- Delhi Protest Update | Govt Statement On CJP FIRs & Action Against Criminals
6 घंटे पहले
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कॉकरोच जनता पार्टी ने पेपर लीक मामले में जंतर-मंतर पर 36 दिन प्रदर्शन किया था। इस दौरान कई बार पुलिस से झड़प हुई।
दिल्ली सरकार ने गुरुवार को कहा कि कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की जाएगी। पुलिस ने एक बयान में कहा है कि 29 जुलाई की शाम 6 बजे तक NEET (UG) परीक्षा में अनियमितताओं से जुड़े प्रदर्शन को लेकर 13 FIR दर्ज की गई थीं।
सरकार के आदेश के अनुसार, जिन लोगों को गिरफ्तार या हिरासत में लिया गया है, उन्हें जल्द ही रिहा कर दिया जाएगा। हालांकि, सरकार ने कहा कि जिन लोगों का क्रिमिनल रिकॉर्ड है, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।
सरकार ने यह भी कहा कि इस मामले को अब बंद माना जाएगा और भविष्य में इन प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कोई नई कार्रवाई नहीं की जाएगी।
20 जुलाई के संसद मार्च की 2 तस्वीरें…

प्रदर्शनकारियों पर पुलिस और रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) ने लाठीचार्ज किया था। आंसू गैस के गोले छोड़े, पथराव भी हुआ।

इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारी घायल हुए। 100 से ज्यादा लोगों को चोटें आईं थीं।
अबतक 4 राज्यों ने केस वापस लिए
अबतक 4 राज्य सरकारें NEET-UG 2026 पेपर लीक विरोध प्रदर्शन में शामिल छात्रों के खिलाफ दर्ज मामले और FIR वापस लेने की घोषणा कर चुकी हैं। इनमें असम, बिहार, महाराष्ट्र और दिल्ली शामिल हैं। बिहार पुलिस ने 26 जुलाई की शाम 6 बजे तक दर्ज सभी मामले वापस लेने का ऐलान किया था।
संसद मार्च में 100 से ज्यादा प्रदर्शनकारी घायल हुए
- कॉकरोच जनता पार्टी ने 20 जुलाई को जंतर-मंतर से संसद तक मार्च निकाला था। सुबह 8 से शाम 5 बजे तक प्रदर्शन में कई बार प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हुई थी।
- कुछ प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड तोड़े, संसद की ओर मार्च किया। ये लोग जंतर-मंतर से संसद मार्ग, जनपथ चौराहा, वॉर मेमोरियल, कर्तव्य पथ, विजय चौक से संसद के करीब पहुंच गए थे।।
- इन लोगों ने संसद में घुसने की कोशिश की थी। इसके बाद पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े थे। दावा किया गया कि छात्रों पर पैलेट गन भी चलाई गई। देर शाम को पथराव की तस्वीरें भी सामने आईं।
दिल्ली पुलिस का दावा- प्रदर्शनकारियों में रेपिस्ट-डकैत भी शामिल थे

दिल्ली पुलिस फेस रिकॉग्निशन सिस्टम (FCR) के जरिए जंतर मंतर पर प्रोटेस्ट करने वालों की पहचान की।
दिल्ली पुलिस की जांच में दावा किया गया है कि जांच में 2,873 लोगों का वैरिफिकेशन हुआ। इनमें से 989 पर हत्या, डकैती, लूट, रेप से जुड़े मामले दर्ज हैं।
पुलिस के मुताबिक जांच में 101 लोग हत्या, 62 हत्या के प्रयास, 284 लूट-डकैती, 229 आर्म्स एक्ट, 135 स्नैचिंग, 19 अपहरण और 67 NDPS एक्ट से जुड़े मामलों में आरोपी पाए गए।
इसके अलावा 61 लोगों के खिलाफ रेप, 25 के खिलाफ महिलाओं से छेड़छाड़ और 6 लोगों के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामले दर्ज पाए गए।
दिल्ली पुलिस ने कहा है कि वह हालात पर कड़ी नजर रख रही है। साथ ही किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए एहतियात के तौर पर सुरक्षा इंतजाम कड़े कर दिए गए हैं।
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