'आमिर खान गाय-भैंस नहीं कि साथ लाऊं':हरदोई में भाई फैजल बोले- तहसीलदार की लापता मां को खोजने वाले को 2.51 लाख देंगे | ACTPnews

'आमिर खान गाय-भैंस नहीं कि साथ लाऊं':हरदोई में भाई फैजल बोले- तहसीलदार की लापता मां को खोजने वाले को 2.51 लाख देंगे

मशहूर फिल्म अभिनेता आमिर खान के बड़े भाई और अभिनेता फैसल खान गुरुवार को हरदोई स्थित अपने पैतृक गांव पहुंचे। उन्होंने तहसीलदार संध्या यादव से मुलाकात की। एक महीने पहले लापता हुईं उनकी मां लल्ली देवी (71) की तलाश में मदद करने के लिए लोगों से अपील की। फैसल खान ने कहा- लल्ली देवी पिछले एक महीने से लापता हैं। परिवार उनकी तलाश के लिए लगातार प्रयास कर रहा। उनकी सकुशल जानकारी देने या उन्हें सुरक्षित घर पहुंचाने वाले व्यक्ति को 2 लाख 51 हजार रुपए का इनाम दिया जाएगा। आमिर खान के गांव नहीं आने संबंधी सवाल पर उन्होंने कहा, “वो कोई गाय-भैंस तो हैं नहीं कि पकड़कर ले आऊं। जब उनका मन होगा, वे खुद आ जाएंगे।” दरअसल, आमिर और फैसल खान के पूर्वज शाहबाद क्षेत्र के निवासी थे। परिवार की करीब 120 बीघा कृषि भूमि और बाग अख्तियारपुर-दिलावरपुर गांवों में स्थित है। फैसल खान इन खेतों और बागों की देखरेख करते हैं। फैसल, फिल्म मेला सहित कई फिल्मों में अभिनय कर चुके हैं। देखिए तस्वीरें… अब पूरा मामला जानिए…
तहसीलदार संध्या यादव ने बताया- उनकी मां लल्ली देवी 30 अप्रैल 2026 को लखनऊ के अर्जुनगंज-अहिमामऊ क्षेत्र स्थित एक मंदिर में दर्शन करने गई थीं। मंदिर से निकलने के बाद वह रास्ता भटक गईं और फिर घर नहीं लौट सकीं। आखिरी बार उन्हें अहिमामऊ स्थित शहीद पथ सर्विस लेन के पास फौजी ढाबा क्षेत्र में देखा गया था। इसके बाद से उनका कोई सुराग नहीं मिल सका। परिवार ने मामले में लखनऊ के सुशांत गोल्फ सिटी थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई है। पुलिस के साथ-साथ परिजन भी लगातार उनकी तलाश में जुटे हैं। सोशल मीडिया पर अभियान चलाया गया है, पोस्टर जारी किए गए हैं। विभिन्न जिलों में उनकी खोजबीन कराई जा रही है। तहसीलदार की मां के बाएं हाथ पर बना है टैटू संध्या यादव ने बताया- मेरी मां लल्ली देवी की लंबाई लगभग पांच फीट है। वह अंतिम बार लाल साड़ी और हरी चूड़ियां पहने हुए देखी गई थीं। उनकी पहचान का सबसे प्रमुख चिन्ह बाएं हाथ पर बना ‘लल्ली देवी’ और ‘रामधारी’ नाम का टैटू है। फैसल बोले- पैतृक जमीन की देखरेख के लिए आया फैसल खान ने मीडिया से भी बातचीत की है। गांव आने के मकसद पर उन्होंने बताया कि शाहाबाद क्षेत्र के अख्तियारपुर और दिलावरपुर गांव में उनके परिवार की करीब 120 बीघा पैतृक जमीन और बागान हैं। उनकी देखरेख के लिए वह यहां आए हैं। खेती और फार्मिंग में उनकी हमेशा रुचि रही है। अब वह स्वयं इसकी जिम्मेदारी संभालना चाहते हैं। फिल्म सिटी का किया समर्थन फैसल खान ने यूपी में प्रस्तावित फिल्म सिटी की सराहना करते हुए कहा कि इससे रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। फिल्म उद्योग को भी बढ़ावा मिलेगा। ——————————– ये खबर भी पढ़िए… बदायूं में दरोगा का खिड़की से लटका शव मिला:घुटने के बल बैठी पोजिशन में था, एसपी बोलीं- सुसाइड की आशंका
बदायूं में दरोगा का शव कमरे में दरवाजे के ऊपर बनी खिड़की से फंदे के सहारे लटका मिला। शव घुटने के बल बैठी पोजिशन में था। कमरे से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। हालांकि, एसपी अंकिता शर्मा ने सुसाइड की आशंका जताई है। एसपी ने बताया- दरोगा मेघश्याम गौतम (55) कोर्ट सुरक्षा में तैनात थे। वो मूलरूप से मथुरा के गोविंदनगर थाना के सकना गांव के रहने वाले थे। पूरी खबर पढ़ें…



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