18 मिनट पहले
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बॉलीवुड ब्रीफ में जानिए मनोरंजन जगत से जुड़ी वो खबरें जो चर्चा में हैं-
आमिर खान बनाएंगे द्रोपदी मुर्मू पर डॉक्यूमेंट्री
आमिर खान प्रोडक्शन हाउस, भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू पर डॉक्यूमेंट्री बनाने वाला है। डॉक्यूमेंट्री में उनकी जिंदगी और प्रेसिडेंट बनने की कहानी दिखाई जाएगी। वैराइटी इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, इसे फिल्ममेकर और राइटर स्वाति चक्रवर्ती डायरेक्टर करेंगी।

सलमान खान बनाम ‘काला हिरण’ फिल्म विवाद
दिल्ली हाईकोर्ट की वेकेशन बेंच ने सलमान खान की फिल्म काला हिरण की रिलीज रोकने की याचिका पर तुरंत अंतरिम रोक लगाने से इनकार कर दिया है। लाइव लॉ की रिपोर्ट के अनुसार, जस्टिस मधु जैन की बेंच ने सलमान की लीगल टीम को निर्देश दिया है कि वे फिल्म मेकर्स को केस से जुड़े सभी दस्तावेज सौंपें, ताकि वे अपना जवाब तैयार कर सकें। अब इस मामले की अगली सुनवाई 1 जुलाई को होगी।
सलमान खान का आरोप है कि यह फिल्म उनकी अनुमति के बिना उनके 1998 के काले हिरण शिकार मामले और गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई से जुड़े विवादों पर बनाई जा रही है।

काम के तनाव से नहीं सो पा रहे अमिताभ बच्चन
बॉलीवुड के दिग्गज एक्टर अमिताभ बच्चन ने अपने ताजा ब्लॉग में काम के दबाव और नींद न आने की समस्या पर बात की है। 83 साल की उम्र में भी वे लगातार कई प्रोजेक्ट्स में बिजी हैं। शुक्रवार सुबह लिखे ब्लॉग में उन्होंने बताया कि काम पूरा करने के बाद उन्हें लगा कि इसे और बेहतर किया जा सकता था। इजाजत मिलने पर उन्होंने दोबारा काम किया।
इसी उधेड़बुन में वे रातभर सो नहीं पाए और सुबह हो गई। अमिताभ ने लिखा कि 24 घंटे का समय बहुत कम लगता है, दिन को बढ़ाकर 36 घंटे का कर देना चाहिए। वे इन दिनों नाग अश्विन के निर्देशन में बन रही फिल्म ‘कल्कि 2898 एडी’ के सीक्वल की तैयारी में बिजी हैं, जो दिसंबर 2027 में रिलीज होगी।

370 ब्रियानी विवाद के बाद कर्नाटक सरकार का फैसला
कॉमेडियन प्रणीत मोरे के एक स्टैंडअप शो के दौरान दर्शकों के दो चुटकुलों (जोक्स) पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। शो में वेब डेवलपर हिमांशु जांगड़ा ने ₹370 की बिरयानी और मेडिकल स्टूडेंट सेजल पवार ने पुरुष शवों के अंगों को लेकर जोक बनाया था, जिसकी सोशल मीडिया पर कड़ी आलोचना हुई।

टाइम्स ऑफ इंडियाकी रिपोर्ट के मुताबिक, इस विवाद के बाद कर्नाटक के मेडिकल एजुकेशन मिनिस्टर डॉ. शरण प्रकाश पाटिल ने बड़ा एलान किया है। राज्य सरकार अब मेडिकल कॉलेजों में पढ़ाई और रिसर्च के लिए दान किए जाने वाले शवों (कैडेवर) के सम्मान और गरिमा को बनाए रखने के लिए देश की पहली व्यापक गाइडलाइन जारी करेगी। नियमों का उल्लंघन करने पर सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई होगी।













