Aap Ki Adalat: जिस आग को आप स्क्रीन पर समझ रहे थे एक्टिंग, वो सच थी! ‘परिंदा’ के सेट पर जल गए थे नाना पाटेकर | ACTPnews

Aap Ki Adalat: जिस आग को आप स्क्रीन पर समझ रहे थे एक्टिंग, वो सच थी! ‘परिंदा' के सेट पर जल गए थे नाना पाटेकर


दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का 75 साल की उम्र में निधन हो गया। गुरुवार, 8 अक्टूबर को गोवा स्थित अपने घर पर उन्होंने आखिरी सांस ली। बताया गया कि सुबह के वक्त उनकी तबीयत बिगड़ी और सीने के बाईं तरफ दर्द की शिकायत हुई। बाद में वह बेहोशी की हालत में मिले, जिसके बाद उन्हें मणिपाल अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने उन्हें बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन उन्हें होश में नहीं लाया जा सका। उनकी मौत के बाद पोस्टमार्टम के आदेश दिए गए हैं, ताकि निधन की सही परिस्थितियों की पुष्टि हो सके। नाना पाटेकर का जाना हिंदी और मराठी सिनेमा के साथ-साथ थिएटर की दुनिया के लिए भी एक बड़ा नुकसान है। करीब पांच दशक लंबे करियर में उन्होंने ऐसे किरदार निभाए, जिन्हें दर्शक आज भी याद करते हैं। ‘परिंदा’, ‘क्रांतिवीर’, ‘अग्निसाक्षी’, ‘खामोशी: द म्यूजिकल’, ‘अब तक छप्पन’, ‘वेलकम’ और ‘नटसम्राट’ जैसी फिल्मों में उनका अभिनय अलग-अलग रंगों में नजर आया। उनकी आवाज, संवाद बोलने का अंदाज और पर्दे पर मौजूदगी उन्हें दूसरे कलाकारों से अलग बनाती थी। लेकिन उनके करियर से जुड़ा एक ऐसा किस्सा भी है, जिसे याद करने पर आज भी रोंगटे खड़े हो जाते हैं।

‘परिंदा’ की शूटिंग में सच में आग की चपेट में आ गए थे नाना

साल 1989 में रिलीज हुई निर्देशक विधु विनोद चोपड़ा की फिल्म ‘परिंदा’ हिंदी सिनेमा की यादगार फिल्मों में गिनी जाती है। फिल्म में नाना पाटेकर ने अन्ना नाम के खूंखार गैंगस्टर का किरदार निभाया था। फिल्म के क्लाइमेक्स में अन्ना आग की लपटों के बीच फंस जाता है। पर्दे पर यह दृश्य जितना डरावना दिखाई देता है, असल में इसकी शूटिंग उससे कहीं ज्यादा खतरनाक थी। इस सीन के दौरान नाना पाटेकर वास्तव में आग की चपेट में आ गए थे। यानी स्क्रीन पर दिखाई गई आग कोई साधारण विजुअल इफेक्ट या बाद में जोड़ा गया हिस्सा नहीं थी। नाना ने खुद इस घटना का जिक्र टीवी शो ‘आप की अदालत’ में राजत शर्मा के साथ बातचीत के दौरान किया था। उन्होंने बताया था कि वह एक झूले पर बैठे हुए थे और इसी दौरान आग तेजी से फैलने लगी। शूटिंग के बीच उन्हें अहसास हुआ कि वह सचमुच जल रहे हैं।

नाना ने उस घटना को याद करते हुए आप की अदालत में बताया था कि जब उन्होंने नीचे देखा तो उनके शरीर से जली हुई त्वचा का हिस्सा उनकी चप्पल पर गिरा हुआ था। हादसे के बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया और लंबे समय तक इलाज और आराम करना पड़ा। इस घटना ने उन्हें शारीरिक रूप से काफी नुकसान पहुंचाया था और इसका असर उनके काम पर भी पड़ा।

विधु विनोद चोपड़ा ने भी सुनाया था पूरा किस्सा

‘परिंदा’ के निर्देशक विधु विनोद चोपड़ा ने भी बाद में इस खतरनाक शूटिंग को याद किया था। उन्होंने बताया था कि उस दौर में आज की तरह डिजिटल तकनीक उपलब्ध नहीं थी, इसलिए आग का इस्तेमाल वास्तविक रूप से किया गया था। हालांकि चोपड़ा चाहते थे कि नाना सुरक्षा के लिए पूरा फायर सूट पहनें। बताया जाता है कि नाना ने शुरुआत में फायर सूट पहनने से इनकार कर दिया था। उनका मानना था कि अगर सुरक्षा वाला पूरा सूट पहन लिया गया तो उनके अभिनय और दृश्य की वास्तविकता प्रभावित हो सकती है। चोपड़ा ने भी साफ कर दिया था कि सुरक्षा के इंतजाम के बिना वह सीन शूट नहीं करेंगे। आखिरकार नाना ने फायर सूट का ऊपरी हिस्सा पहन लिया।

जब निर्देशक ने उनसे निचला हिस्सा भी पहनने के लिए कहा तो नाना ने कथित तौर पर कहा कि वह निर्देशक के सामने इसे नहीं पहनेंगे। चोपड़ा को लगा कि नाना शायद बाद में जाकर सुरक्षा वाला हिस्सा पहन लेंगे। वह वहां से चले गए, लेकिन नाना ने नीचे वाला फायर प्रोटेक्शन नहीं पहना। इसके बाद जब कैमरा चला और आग जलाई गई तो स्थिति अचानक खतरनाक हो गई। आग नाना तक पहुंच गई और उन्हें खुद को बचाने के लिए सुरक्षित जगह की तरफ छलांग लगानी पड़ी। इस पूरे घटनाक्रम के दौरान कैमरा चलता रहा। विधु विनोद चोपड़ा ने बाद में नाना के उस अभिनय को बेहद असाधारण बताया था। जिस पल में एक कलाकार के लिए डर स्वाभाविक था, नाना ने उसी वास्तविक खतरे को अपने अभिनय का हिस्सा बना दिया।

करीब दो महीने अस्पताल में रहे, लंबे समय तक नहीं कर पाए काम

यह हादसा मामूली नहीं था। नाना को गंभीर चोटें आई थीं और उन्हें करीब दो महीने तक अस्पताल में रहना पड़ा। ठीक होने के बाद भी वह तुरंत काम पर वापस नहीं लौट सके। नाना ने बाद में बताया था कि इस चोट से पूरी तरह उबरने में काफी समय लगा और करीब एक साल तक वह सामान्य तरीके से काम नहीं कर पाए। यही वजह है कि ‘परिंदा’ का वह क्लाइमेक्स सिर्फ फिल्म का एक दृश्य नहीं रह गया। उसके पीछे एक ऐसा वास्तविक हादसा था, जिसकी कीमत नाना को अपनी सेहत से चुकानी पड़ी। दर्शकों ने पर्दे पर अन्ना को आग में घिरा देखा, लेकिन उस दृश्य में नाना की वास्तविक तकलीफ और जोखिम भी शामिल था।

‘परिंदा’ ने नाना के करियर को दी अलग पहचान

‘परिंदा’ में नाना पाटेकर के अभिनय को बेहद सराहा गया। अन्ना का किरदार डरावना होने के साथ-साथ बेहद मानवीय भी था। नाना ने इसमें गुस्सा, हिंसा, डर और कमजोरी जैसे अलग-अलग भावों को एक साथ पेश किया। उनकी अदाकारी ने अन्ना को हिंदी सिनेमा के यादगार खलनायकों में शामिल कर दिया। फिल्म में अनिल कपूर और जैकी श्रॉफ ने भी महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाईं, जबकि माधुरी दीक्षित फिल्म की प्रमुख अभिनेत्रियों में थीं। ‘परिंदा’ को न सिर्फ दर्शकों का प्यार मिला बल्कि इसे आलोचकों ने भी खूब सराहा। नाना को इस फिल्म में उनके अभिनय के लिए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

हीरो से लेकर विलेन और कॉमेडी तक, हर रंग में दिखे नाना

नाना पाटेकर का करियर किसी पारंपरिक बॉलीवुड हीरो की छवि तक सीमित नहीं रहा। उन्होंने कभी खतरनाक गैंगस्टर बनकर डराया, कभी व्यवस्था के खिलाफ खड़े किरदार को आवाज दी और कभी पुलिस अधिकारी के रूप में अपनी छाप छोड़ी। ‘क्रांतिवीर’ में उनका अंदाज अलग था तो ‘अब तक छप्पन’ में पुलिस अधिकारी का किरदार उनके अभिनय की गंभीरता दिखाता है। वहीं ‘वेलकम’ में उदय शेट्टी के रूप में उन्होंने अपनी कॉमिक टाइमिंग से दर्शकों को खूब हंसाया। मराठी सिनेमा और रंगमंच में भी उनका योगदान बेहद महत्वपूर्ण रहा। ‘नटसम्राट’ उनके करियर की उन फिल्मों में शामिल रही, जिसमें उन्होंने अभिनय की अपनी गहराई का एक और रूप दिखाया।

ये भी पढ़ें: IIT एग्जाम क्रैक कर छोड़ी पढ़ाई, बनीं एक्ट्रेस और जीता नेशनल अवॉर्ड, नाना पाटेकर की पत्नी की अनसुनी कहानी

Latest Bollywood News

function loadFacebookScript(){
!function (f, b, e, v, n, t, s) {
if (f.fbq)
return;
n = f.fbq = function () {
n.callMethod ? n.callMethod.apply(n, arguments) : n.queue.push(arguments);
};
if (!f._fbq)
f._fbq = n;
n.push = n;
n.loaded = !0;
n.version = ‘2.0’;
n.queue = [];
t = b.createElement(e);
t.async = !0;
t.src = v;
s = b.getElementsByTagName(e)[0];
s.parentNode.insertBefore(t, s);
}(window, document, ‘script’, ‘//connect.facebook.net/en_US/fbevents.js’);
fbq(‘init’, ‘1684841475119151’);
fbq(‘track’, “PageView”);
}

window.addEventListener(‘load’, (event) => {
setTimeout(function(){
loadFacebookScript();
}, 7000);
});



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Latest News

View All

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports

You May Have Missed